
फोटो: आईएएस डॉ. रवि मित्तल
केंद्र सरकार ने बड़ा प्रशासनिक फैसला लेते हुए छत्तीसगढ़ के 2016 बैच के आईएएस डॉ. रवि मित्तल को एक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी है। उन्हें प्रतिनियुक्ति पर प्रधानमंत्री कार्यालय में उप सचिव बनाया गया है। कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिया है। यह नियुक्ति कार्यभार संभालने की तारीख से चार वर्षों की अवधि के लिए या अगले आदेश तक प्रभावशील रहेगा।

इस आदेश में साफतौर पर लिखा है कि डॉ. रवि मित्तल का कार्यकाल चार साल का होगा, जो उनके कार्यभार ग्रहण करने की तारीख से प्रभावशील होगा। हालांकि प्रशासनिक लिहाज से उनके कार्यकाल में बदलाव भी किया जा सकता है। जारी आदेश के मुताबिक, मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति ने आईएएस रवि मित्तल (छत्तीसगढ़ कैडर – 2016) को प्रधानमंत्री कार्यालय में उप सचिव के पद पर नियुक्त करने की स्वीकृति मंजूर कर दी है। इसमें स्पष्ट है कि यह प्रतिनियुक्ति चार वर्षों के तय कार्यकाल के लिए ही है, लेकिन जरूरत पड़ने पर इसमें बदलाव भी किया जा सकता है। ऐसे में यह नियुक्ति अगले आदेश तक भी प्रभावी रहेगी। फिलहाल, ये जिम्मेदारी उनके प्रशासनिक सफर को नई दिशा दे सकती है। पीएमओ में उनकी नियुक्ति को प्रदेश के लिए अहम माना जा रहा है, क्योंकि इससे केंद्र में छत्तीसगढ़ कैडर की भागीदारी मजबूत होगी।
संभाल रहे थे यह दायित्व
वर्तमान में रवि मित्तल छत्तीसगढ़ जनसंपर्क विभाग में आयुक्त और छत्तीसगढ़ संवाद सीईओ की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। इसके साथ ही वे मुख्यमंत्री सचिवालय में भी संयुक्त सचिव का दायित्व देख रहे हैं। पिछले डेढ़ साल से वे राज्य शासन के संचार और सूचना तंत्र में अहम भूमिका निभा रहे थे।
मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति ने दी मंजूरी
जारी आदेश के अनुसार, मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति (ACC) ने आईएएस रवि मित्तल (छत्तीसगढ़ कैडर – 2016) को प्रधानमंत्री कार्यालय में उप सचिव के पद पर नियुक्त करने की स्वीकृति प्रदान की है. आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह प्रतिनियुक्ति चार वर्षों के तय कार्यकाल के लिए होगी, लेकिन आवश्यकता पड़ने पर इसमें बदलाव भी किया जा सकता है. ऐसे में यह नियुक्ति अगले आदेश तक भी प्रभावी रह सकती है.
जनसंपर्क आयुक्त के पद पर निभा रहे थे जिम्मेदारी
वर्तमान में जनसंपर्क आयुक्त के पद पर कार्यरत
IAS रवि मित्तल वर्तमान में छत्तीसगढ़ जनसंपर्क विभाग के आयुक्त (Commissioner of Public Relations यानी CPR) के रूप में जिम्मेदारी निभा रहे हैं. इसके साथ ही वे मुख्यमंत्री सचिवालय में संयुक्त सचिव की भूमिका भी निभा रहे हैं. बीते डेढ़ वर्ष से वे राज्य शासन के संचार और सूचना तंत्र को संभाल रहे थे. अब पीएमओ में उनकी नियुक्ति को राज्य से केंद्र के स्तर पर एक बड़ी प्रशासनिक उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है.